नैनीताल में 16वें वित्त आयोग की बैठक में उद्योग संघों, पर्यटन क्षेत्र और व्यापार संगठनों के प्रतिनिधियों ने भाग लिया। इस बैठक में राज्य के आर्थिक विकास की चुनौतियों और संभावनाओं पर चर्चा की गई।
बैठक के मुख्य बिंदु
मसूरी और नैनीताल को स्मार्ट और सतत हिल स्टेशन के रूप में विकसित करने के लिए मास्टर प्लान तैयार करने की सिफारिश।पर्यटन सर्किट विकसित करने और स्थानीय वनस्पति और जीव-जंतुओं के संरक्षण पर बल।
सड़क, रेल और हवाई संपर्क को बेहतर बनाने की आवश्यकता।
उद्योग के सुझाव:
टैक्स हॉलिडे और संतुलित औद्योगिक विकास की आवश्यकता।
ब्लॉक स्तर पर कौशल संस्थानों की स्थापना और आपदा बीमा कोष की मांग।
लॉजिस्टिक पार्क और आपदा-रोधी ढांचे के विकास की सिफारिश।
व्यापार संगठनों के सुझाव:
हिमालय के संरक्षण हेतु विशेष आर्थिक पैकेज की आवश्यकता।
उत्तराखंड के व्यापारियों के लिए विशेष राहत पैकेज की मांग।
सीमावर्ती जिलों के व्यापारियों को परिवहन सब्सिडी और राज्य को पॉलिथीन मुक्त बनाने की सिफारिश।
सभी प्रतिभागियों को उनके महत्वपूर्ण सुझावों के लिए धन्यवाद दिया।
कई सुझाव केंद्र और राज्य सरकारों के अधिकार क्षेत्र में आते हैं और सभी पर विचार किया जाएगा।
आयोग 31 अक्टूबर 2025 तक अपनी रिपोर्ट सौंपेगा और उत्तराखंड जैसे राज्यों की विशिष्ट आवश्यकताओं को ध्यान में रखा जाएगा।
